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एसएचजी लोन और लखपति दीदी योजना 2026: 7% ब्याज, लिमिट

DAY-NRLM स्वयं सहायता समूह लोन: ₹3 लाख तक 7% ब्याज, ₹20 लाख तक बिना कोलैटरल, लोन की किस्तें, लखपति दीदी का स्टेटस और एसएचजी कैसे आवेदन करे।

लेखक: Moksh Shahअपडेट: 6 मिनट में पढ़ें
एसएचजी लोन और लखपति दीदी योजना 2026: 7% ब्याज, लिमिट
इस लेख में
  1. योजना कैसे काम करती है
  2. ब्याज दर और सब्सिडी (अक्टूबर 2026 तक)
  3. किस्त के हिसाब से लोन लिमिट
  4. कौन पात्र है
  5. लखपति दीदी: क्या है और कहां पहुंची
  6. जरूरी दस्तावेज
  7. स्टेप बाय स्टेप: एसएचजी को बैंक लोन कैसे मिले
  8. उदाहरण: ₹3 लाख के लोन पर 7% से कितनी बचत
  9. एसएचजी लोन में देरी या खारिज होने की वजहें
  10. शिकायत कैसे करें
  11. मुख्य बातें
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DAY-NRLM (दीनदयाल अंत्योदय योजना – राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन) के तहत स्वयं सहायता समूह (एसएचजी) लोन ज्यादातर ग्रामीण महिलाओं के लिए सबसे सस्ता औपचारिक कर्ज है: ₹3 लाख तक के लोन पर 7% ब्याज, और प्रति समूह ₹20 लाख तक बिना कोलैटरल। योजना अक्टूबर 2026 में चालू है। लखपति दीदी इन लोन और आजीविका सहायता के जरिए एसएचजी महिलाओं की पारिवारिक आय ₹1 लाख सालाना तक पहुंचाने का सरकार का लक्ष्य है; यह अलग लोन नहीं है, और कोई आधिकारिक "₹5 लाख बिना ब्याज लखपति दीदी लोन" नहीं है।

योजना कैसे काम करती है

DAY-NRLM, जिसे ग्रामीण विकास मंत्रालय राज्य ग्रामीण आजीविका मिशनों (जैसे जीविका, कुदुम्बश्री या मिशन मंगलम) के जरिए चलाता है, गरीब ग्रामीण महिलाओं को 10 से 20 सदस्यों के एसएचजी में संगठित करता है (दिव्यांगजन या दूर-दराज के आदिवासी क्षेत्रों जैसे विशेष समूहों में न्यूनतम 5)। समूह नियमित बचत करते हैं, आपस में कर्ज देते हैं, और फिर उन्हें मिलता है:

  • मिशन से कोष के रूप में प्रति एसएचजी ₹20,000 से ₹30,000 का रिवॉल्विंग फंड;
  • ग्राम और क्लस्टर स्तर के संघों के जरिए कम्युनिटी इन्वेस्टमेंट फंड;
  • समूह के कोष से जुड़े बैंक लोन, सरकार की ब्याज सब्सिडी के साथ।

ब्याज दर और सब्सिडी (अक्टूबर 2026 तक)

ये दरें 1 अप्रैल 2025 के DAY-NRLM पर RBI मास्टर सर्कुलर से हैं, जो लिखते समय उपलब्ध सबसे ताजा सर्कुलर है।

महिला एसएचजी को लोन बैंक की दर बैंक को सरकारी सब्सिडी
₹3 लाख तक 7% सालाना ₹3 लाख तक के बकाया पर 4.5% सालाना
₹3 लाख से ऊपर ₹5 लाख तक एक साल का MCLR (या एक्सटर्नल बेंचमार्क) और 10% में से जो कम हो इस हिस्से के बकाया पर 5% सालाना
₹5 लाख से ऊपर बैंक की सामान्य दर कोई नहीं

सब्सिडी सभी जिलों में सरकारी, प्राइवेट और स्मॉल फाइनेंस बैंकों पर लागू है, और सिर्फ तब तक जब तक खाता स्टैंडर्ड (NPA के रूप में ओवरड्यू नहीं) रहे। पुराने लेखों में 250 जिलों में समय पर चुकाने पर 3% अतिरिक्त सब्सिडी से दर 4% होने का जिक्र है; यह सुविधा 2025-26 के सर्कुलर में नहीं है, इसलिए इस पर भरोसा न करें।

उद्यम लोन लेने वाली एसएचजी सदस्यों को वीमेन एंटरप्राइज एक्सेलरेशन फंड के तहत अलग से 2% समय पर चुकाने की सब्सिडी मिल सकती है, प्रति उधारकर्ता ₹1.5 लाख तक के लोन पर, 3 साल तक और प्रति व्यक्ति एक बार।

किस्त के हिसाब से लोन लिमिट

किस्त रकम
पहली कोष का 6 गुना या ₹1.5 लाख, जो ज्यादा हो
दूसरी कोष का 8 गुना या ₹3 लाख, जो ज्यादा हो
तीसरी माइक्रो क्रेडिट प्लान के आधार पर कम से कम ₹6 लाख
चौथी और आगे माइक्रो क्रेडिट प्लान और मूल्यांकन के आधार पर ₹6 लाख से ज्यादा

कोष यानी समूह की बचत, रिवॉल्विंग फंड और कमाया ब्याज। एक किस्त समय पर चुकाने से ही अगली किस्त खुलती है।

कोलैटरल और मार्जिन के नियम

  • ₹10 लाख तक: कोई कोलैटरल नहीं, कोई मार्जिन नहीं, एसएचजी के बचत खाते पर कोई लियन नहीं, कोई फिक्स्ड डिपॉजिट नहीं।
  • ₹10 लाख से ₹20 लाख: कोई कोलैटरल या लियन नहीं; बैंक ₹10 लाख से ऊपर की रकम का 10% तक मार्जिन ले सकता है। पूरा लोन CGFMU गारंटी कवर के योग्य है।

कौन पात्र है

  • अपने हिसाब-किताब के अनुसार कम से कम 6 महीने से सक्रिय महिला एसएचजी।
  • पंचसूत्र का पालन: नियमित बैठक, नियमित बचत, आपसी कर्ज, समय पर चुकौती और अपडेटेड हिसाब।
  • NABARD के ग्रेडिंग मानदंड पूरे करे।
  • निष्क्रिय समूह जो दोबारा सक्रिय होकर कम से कम 3 महीने से चल रहा हो, वह भी पात्र हो सकता है।

लखपति दीदी: क्या है और कहां पहुंची

लखपति दीदी वह एसएचजी सदस्य है जिसके परिवार की आय कम से कम चार कृषि सीजन या बिजनेस साइकिल तक ₹1 लाख या उससे ज्यादा सालाना रहे (औसतन करीब ₹10,000 महीना)। मूल लक्ष्य 3 करोड़ महिलाओं का था। ग्रामीण विकास मंत्री ने फरवरी 2026 तक करीब 3.01 करोड़ का आंकड़ा बताया, और अगस्त 2026 में प्रधानमंत्री ने कहा कि लक्ष्य पार हो गया है। नया लक्ष्य 2029 तक 6 करोड़ लखपति दीदी है (रिपोर्टों में मार्च 2029 या 2029-30 बताया गया है)।

व्यवहार में "लखपति दीदी बनना" का मतलब है एसएचजी कर्ज को आजीविका (डेयरी, बकरी पालन, सिलाई, फूड प्रोसेसिंग, दुकान) में लगाना, साथ में SRLM से ट्रेनिंग और बाजार सहायता। बजट 2026-27 में एसएचजी उत्पाद बेचने के लिए सामुदायिक स्वामित्व वाले SHE-मार्ट की घोषणा हुई; अक्टूबर 2026 तक इनकी विस्तृत गाइडलाइन का इंतजार था।

जरूरी दस्तावेज

  • उधार लेने का एसएचजी प्रस्ताव, सदस्यों के हस्ताक्षर के साथ
  • एसएचजी बचत खाते की पासबुक और हिसाब की किताबें (कार्यवाही, बचत और लोन रजिस्टर)
  • हर सदस्य के लोन का उद्देश्य दिखाने वाला माइक्रो क्रेडिट प्लान
  • सदस्यों और पदाधिकारियों का KYC (आधार या अन्य मान्य दस्तावेज)
  • बैंक या SRLM स्टाफ द्वारा भरी ग्रेडिंग शीट

स्टेप बाय स्टेप: एसएचजी को बैंक लोन कैसे मिले

  1. ग्राम संगठन, कम्युनिटी रिसोर्स पर्सन (CRP) या अपने SRLM के ब्लॉक ऑफिस की मदद से एसएचजी से जुड़ें या बनाएं।
  2. समूह के नाम पर बचत खाता खोलें और कम से कम 6 महीने नियमित बचत करें।
  3. मिशन से रिवॉल्विंग फंड पाएं और हिसाब-किताब अपडेट रखें।
  4. हर सदस्य की जरूरत और चुकाने की योजना वाला माइक्रो क्रेडिट प्लान बनाएं।
  5. दस्तावेजों के साथ बैंक शाखा में आवेदन करें। बैंक समूह की ग्रेडिंग करके टर्म लोन या कैश क्रेडिट लिमिट मंजूर करता है।
  6. हर महीने समय पर चुकाएं ताकि खाता स्टैंडर्ड रहे और सब्सिडी मिलती रहे; इससे आप अगली किस्त के भी पात्र बनते हैं।

एसएचजी लोन प्रक्रिया में "एजेंटों" की कोई फीस नहीं है। ₹10 लाख से कम के लोन पर बैंक डिपॉजिट या कोलैटरल पर जोर नहीं दे सकते।

उदाहरण: ₹3 लाख के लोन पर 7% से कितनी बचत

एक एसएचजी दूसरी किस्त में ₹3 लाख का लोन लेता है और 36 मासिक किस्तों में चुकाता है।

  • 7% पर: EMI = ₹9,263; कुल ब्याज लगभग ₹33,473।
  • उदाहरण के लिए 12% की सामान्य दर पर: EMI = ₹9,964; कुल ब्याज लगभग ₹58,715।
  • 7% दर से बचत: 3 साल में लगभग ₹25,242।

10 सदस्यों का समूह बराबर बांटे तो 7% पर हर महिला महीने में करीब ₹926 चुकाती है।

₹5 लाख 10% की अधिकतम दर पर 36 महीने के लिए लेने वाला समूह करीब ₹16,134 EMI और करीब ₹80,809 कुल ब्याज देगा। दूसरे आंकड़े EMI कैलकुलेटर में जांचें।

एसएचजी लोन में देरी या खारिज होने की वजहें

  • समूह 6 महीने से कम पुराना या हिसाब अपडेट नहीं
  • अनियमित बैठक या बचत, खराब ग्रेडिंग
  • पिछला लोन ओवरड्यू, जिससे सब्सिडी भी रुक जाती है
  • सदस्यों ने माइक्रोफाइनेंस कंपनियों से पहले ही ज्यादा कर्ज ले रखा है; देखें माइक्रोफाइनेंस लोन के नियम
  • ₹10 लाख से कम के लोन पर बैंक का गलत तरीके से कोलैटरल या फिक्स्ड डिपॉजिट मांगना

शिकायत कैसे करें

  1. शाखा प्रबंधक से, फिर ब्लॉक या जिला SRLM स्टाफ से बात करें, जो ब्लॉक लेवल बैंकर्स कमेटी में शामिल होते हैं।
  2. बैंक के ग्रीवांस रिड्रेसल ऑफिसर को लिखित शिकायत दें।
  3. अगर बैंक 30 दिन में हल न करे, तो cms.rbi.org.in पर RBI इंटीग्रेटेड ओम्बड्समैन के पास शिकायत करें।
  4. मिशन से जुड़े मुद्दों (रिवॉल्विंग फंड, CIF) के लिए CPGRAMS (pgportal.gov.in) पर ग्रामीण विकास मंत्रालय के खिलाफ शिकायत करें।
  5. "लखपति दीदी लोन" के नाम पर फीस वसूलने वालों की रिपोर्ट cybercrime.gov.in या 1930 पर करें।

एसएचजी कर्ज से आगे महिलाओं के व्यक्तिगत बिजनेस लोन के लिए देखें महिला उद्यमियों के लिए लोन योजनाएं और सरकारी बिजनेस लोन योजनाओं की तुलना।

मुख्य बातें

  • 2025-26 के RBI मास्टर सर्कुलर के तहत महिला एसएचजी को ₹3 लाख तक 7% पर, और ₹3-5 लाख 10% से ज्यादा नहीं की दर पर बैंक लोन मिलता है।
  • ₹20 लाख तक कोई कोलैटरल नहीं; ₹10 लाख तक कोई मार्जिन या डिपॉजिट नहीं।
  • समय पर चुकाने से लोन की किस्त ₹1.5 लाख से ₹6 लाख और उससे ज्यादा तक बढ़ती है।
  • लखपति दीदी एक आय लक्ष्य (₹1 लाख सालाना) है, जिसे अब 2029 तक 6 करोड़ महिलाओं तक बढ़ाया गया है, अलग लोन नहीं।
  • कोई आधिकारिक ₹5 लाख बिना ब्याज लखपति दीदी लोन नहीं है; एजेंटों को कभी पैसे न दें।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

NRLM एसएचजी लोन पर ब्याज दर कितनी है?

2025-26 के DAY-NRLM पर RBI मास्टर सर्कुलर के तहत सभी जिलों में सरकारी, प्राइवेट और स्मॉल फाइनेंस बैंकों से महिला एसएचजी को ₹3 लाख तक का लोन 7% सालाना पर मिलता है। ₹3 लाख से ₹5 लाख तक के लोन पर बैंक के एक साल के MCLR या 10% में से जो कम हो, वह दर लगती है।

एसएचजी को बिना कोलैटरल कितना लोन मिल सकता है?

₹10 लाख तक के एसएचजी लोन पर बैंक कोई कोलैटरल या मार्जिन नहीं ले सकते। ₹10 लाख से ₹20 लाख तक भी कोलैटरल नहीं लगता, लेकिन बैंक ₹10 लाख से ऊपर की रकम पर 10% तक मार्जिन मांग सकता है, और लोन CGFMU गारंटी कवर के योग्य होता है।

लखपति दीदी क्या है?

लखपति दीदी वह स्वयं सहायता समूह सदस्य है जिसके परिवार की आय कम से कम चार कृषि सीजन या बिजनेस साइकिल तक लगातार ₹1 लाख सालाना या उससे ज्यादा हो। यह DAY-NRLM का लक्ष्य है, अलग लोन योजना नहीं; सरकार का कहना है कि 3 करोड़ का लक्ष्य पार हो गया और अब नया लक्ष्य 6 करोड़ है।

क्या लखपति दीदी में ₹5 लाख का बिना ब्याज लोन मिलता है?

कोई आधिकारिक योजना हर लखपति दीदी को ₹5 लाख का बिना ब्याज लोन नहीं देती। महिलाओं को ऊपर बताई रियायती दरों पर अपने एसएचजी के जरिए और राज्यों की अतिरिक्त योजनाओं से कर्ज मिलता है; फीस लेकर ₹5 लाख का बिना ब्याज लोन दिलाने का वादा करने वाली वेबसाइटें आधिकारिक नहीं हैं।

NRLM के तहत एसएचजी बैंक लोन के लिए कैसे आवेदन करे?

समूह कम से कम छह महीने से सक्रिय हो, पंचसूत्र का पालन करे और बैंक की ग्रेडिंग पास करे। ग्राम संगठन या CRP की मदद से माइक्रो क्रेडिट प्लान बनाकर उसी बैंक शाखा में आवेदन करे जहां उसका बचत खाता है।

यह लेख केवल सामान्य जानकारी के लिए है, निजी वित्तीय, टैक्स या कानूनी सलाह नहीं। कोई भी फैसला लेने से पहले अपने बैंक, लेंडर या योग्य सलाहकार से पुष्टि करें।

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