SHG का सामान खरीदना: मालिक कौन और बिल किसके नाम?
SHG के पैसे से मशीन खरीद रहे हैं? पैसे देने से पहले तय करें कि संपत्ति समूह की होगी या सदस्य की, बिल किसके नाम बने, कहां रखें और कैसे दर्ज करें।

इस लेख में
जब कोई स्वयं सहायता समूह (SHG) मशीन खरीदता है, तो "मालिक कौन?" का जवाब पैसा देने से पहले तय कर लेना चाहिए, क्योंकि बिल पर नाम, भुगतान वाला खाता और मिनट बुक तीनों का मेल खाना जरूरी है। मोटा नियम यह है: जो सामान कई सदस्य इस्तेमाल करें और जिसका भुगतान समूह के पैसे से हो, वह SHG के नाम पर समूह की संपत्ति है; जो सामान एक सदस्य अपने काम के लिए इस्तेमाल करे और जिसका लोन वह खुद चुकाए, वह उसके नाम पर उसकी संपत्ति है। यहां बताए नियम नवंबर 2026 तक की आम प्रथा हैं; आपका राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन, ग्राम संगठन या बैंक खास फॉर्मेट तय कर सकता है।
DAY-NRLM के तहत SHG को पैसा कैसे मिलता है, यह जानने के लिए हमारी NRLM SHG लोन गाइड देखें।
सामान के लिए SHG का पैसा आमतौर पर कहां से आता है
पैसे का स्रोत अक्सर यह तय करता है कि संपत्ति किसके नाम हो।
| स्रोत | आम रकम (मौजूदा नियम जांचें) | इससे खरीदी चीज आमतौर पर किसकी |
|---|---|---|
| सदस्यों की अपनी बचत | समूह के हिसाब से अलग | समूह की, या सदस्य की अगर उसे उधार दिया गया |
| रिवॉल्विंग फंड (DAY-NRLM) | प्रति SHG ₹20,000 से ₹30,000 | आमतौर पर सदस्यों को आगे उधार |
| ग्राम संगठन के जरिए कम्युनिटी इन्वेस्टमेंट फंड | प्रति SHG ₹2.5 लाख तक | आमतौर पर आजीविका के लिए सदस्यों को उधार |
| SHG-बैंक लिंकेज लोन | DAY-NRLM के तहत ₹20 लाख तक बिना कोलैटरल | लोन के उद्देश्य के अनुसार समूह या सदस्य |
| योजना सहायता जैसे PMFME सीड कैपिटल | पात्र सदस्य को वर्किंग कैपिटल और छोटे औजारों के लिए ₹40,000, फेडरेशन के जरिए | योजना दिशानिर्देश के अनुसार |
रिवॉल्विंग फंड और CIF की रकम संसद में रखी गई DAY-NRLM जानकारी से है; बैंक लोन की सीमा आरबीआई के DAY-NRLM निर्देशों से है। अगस्त 2021 के आरबीआई संशोधन के तहत ₹10 लाख तक के लोन पर न कोलैटरल लगता है न मार्जिन, और ₹10 लाख से ₹20 लाख तक के हिस्से पर मुख्य सिक्योरिटी बैंक फाइनेंस से बनी संपत्ति का हाइपोथिकेशन है। इसी वजह से बैंक बिल और संपत्ति की सूची मांग सकता है। शर्तें आरबीआई के मौजूदा DAY-NRLM मास्टर सर्कुलर और अपने सैंक्शन लेटर में पक्की करें।
समूह की संपत्ति या सदस्य की: कैसे तय करें
| सवाल | समूह की संपत्ति की ओर इशारा | सदस्य की संपत्ति की ओर इशारा |
|---|---|---|
| इस्तेमाल कौन करेगा? | कई सदस्य बारी-बारी से | एक सदस्य |
| चुकाएगा कौन? | SHG साझा आय से | सदस्य, SHG को किस्तों में |
| रखा कहां जाएगा? | साझा वर्क शेड या ग्राम संगठन का परिसर | सदस्य का घर या दुकान |
| कमाई किसकी? | SHG इस्तेमाल शुल्क लेता है | सदस्य अपना मुनाफा रखती है |
| रखरखाव कौन करेगा? | SHG फंड | सदस्य |
अगर जवाब मिले-जुले हैं, तो लिखित में तय करें। एक आम व्यवस्था यह है कि मशीन समूह की हो पर एक सदस्य के यहां रखी जाए, तय मासिक इस्तेमाल शुल्क के साथ और रखरखाव की लिखित जिम्मेदारी के साथ।
भुगतान से पहले: प्रस्ताव
SHG बैठक में प्रस्ताव पास करें और मिनट बुक में लिखें। इसमें होना चाहिए:
- क्या खरीदा जा रहा है, मॉडल, संख्या और चुना गया सप्लायर।
- कोटेशन की तुलना, बेहतर हो दो या तीन, और एक को क्यों चुना।
- पैसे का स्रोत: बचत, RF, CIF, बैंक लोन या योजना सहायता।
- मालिक: SHG या नामित सदस्य।
- बिल पर नाम: SHG का पंजीकृत नाम जैसा बैंक खाते में है, या सदस्य का नाम जैसा उसके आधार और बैंक खाते में है।
- संरक्षक: मशीन कौन रखेगा और असली बिल कौन रखेगा।
- इस्तेमाल और शुल्क: कौन इस्तेमाल कर सकता है, शुल्क कितना, और आय कैसे दर्ज होगी।
- रखरखाव और मरम्मत: खर्च कौन देगा।
- छोड़ना और बंटवारा: इस्तेमाल करने वाली सदस्य छोड़ दे या समूह टूट जाए तो क्या होगा।
अपने SHG नियमों के अनुसार मौजूद सदस्यों के हस्ताक्षर या अंगूठे के निशान लें।
बिल की चेकलिस्ट
सही बिल समूह और सदस्य दोनों की रक्षा करता है।
- विक्रेता का नाम, पता और पंजीकृत हो तो GSTIN
- खरीदार का नाम ठीक वैसा जैसा प्रस्ताव में तय हुआ
- तारीख, बिल नंबर, विवरण, मॉडल और सीरियल नंबर
- कीमत, जहां लगे वहां GST अलग दिखाया हुआ, और कुल रकम
- उसी खरीदार नाम पर वारंटी कार्ड
- भुगतान का सबूत: SHG खाते (समूह की संपत्ति) या सदस्य के खाते (सदस्य की संपत्ति) से बैंक ट्रांसफर या चेक
जहां तक हो सके नकद भुगतान से बचें। सही खाते से चेक या ट्रांसफर और उससे मेल खाता बिल, विवाद होने पर, बैंक के पूछने पर या ऑडिटर या CRP के हिसाब जांचने पर सबसे आसान सबूत है।
उदाहरण: एक समूह की संपत्ति, एक सदस्य की
10 सदस्यों वाला SHG एक बैठक में दो खरीद तय करता है।
समूह की संपत्ति: ₹1,20,000 की आटा चक्की, SHG के बैंक लिंकेज लोन से भुगतान, साझा शेड में रखी गई। बारी-बारी से चलाने वाले सदस्यों से SHG हर महीने ₹2,000 लेता है और मरम्मत के लिए हर महीने ₹500 अलग रखता है।
- SHG को हर महीने शुद्ध: ₹2,000 − ₹500 = ₹1,500
- इस्तेमाल शुल्क से लागत वसूलने में लगने वाले महीने: ₹1,20,000 ÷ ₹1,500 = 80 महीने
यह लंबा समय है, इसलिए समूह शुल्क बढ़ा सकता है या उससे जुड़े लोन हिस्से को सदस्यों की किस्तों से भी चुकाने की योजना बना सकता है। बिल SHG के नाम पर है; असली बिल SHG के रिकॉर्ड बॉक्स में रहता है; सचिव संपत्ति रजिस्टर पर हस्ताक्षर करती है।
सदस्य की संपत्ति: ₹18,000 की सिलाई मशीन एक सदस्य के दर्जी काम के लिए। SHG उसे 12 महीने के लिए 12% सालाना पर ₹18,000 उधार देता है (दर समूह खुद तय करता है; उदाहरण के लिए)।
- मासिक दर = 12% ÷ 12 = 1%
- ईएमआई = 18,000 × 0.01 × (1.01)^12 ÷ ((1.01)^12 − 1) = 18,000 × 0.01 × 1.1268 ÷ 0.1268 ≈ ₹1,599
- कुल चुकाया ≈ ₹1,599 × 12 = ₹19,188, यानी ब्याज ≈ ₹1,188
बिल उसके नाम पर है, असली बिल वह रखती है, और SHG उसके लोन खाते के साथ कॉपी रखता है। दूसरी अवधियां ईएमआई कैलकुलेटर में जांच सकते हैं।
संपत्ति रजिस्टर रखें
SHG के हिसाब में एक सरल रजिस्टर बाद के ज्यादातर विवाद टाल देता है।
| कॉलम | उदाहरण |
|---|---|
| संपत्ति और सीरियल नंबर | आटा चक्की, SN 2026-0471 |
| खरीद की तारीख | 12 नवंबर 2026 |
| लागत | ₹1,20,000 |
| पैसे का स्रोत | बैंक लिंकेज लोन |
| मालिक | SHG |
| बिल नंबर और कहां रखा | INV-883, SHG रिकॉर्ड बॉक्स |
| संरक्षक | सदस्य A, साझा शेड |
| इस्तेमाल शुल्क | ₹2,000 प्रति माह |
| टिप्पणी | मरम्मत, ट्रांसफर, बिक्री |
हर बिल और सीरियल प्लेट के साथ संपत्ति की फोटो लें, और अगर आपका मिशन कोई ऐप या बुककीपर सिस्टम इस्तेमाल करता है तो फोटो समूह के डिजिटल रिकॉर्ड में रखें।
संपत्ति बेचना, ट्रांसफर करना या बदलना
- नए प्रस्ताव के बिना समूह की संपत्ति न बेचें, न किसी को दें।
- अगर बैंक लोन चल रहा है और संपत्ति उसी से बनी है, तो पहले बैंक को बताएं; हाइपोथिकेट की गई संपत्ति बैंक की सहमति के बिना नहीं बेचनी चाहिए।
- अगर संपत्ति किसी योजना से मिली है, तो लॉक-इन अवधि में बिक्री या ट्रांसफर की शर्तें जांचें।
- बिक्री की रकम दर्ज करें और SHG खाते में जमा करें।
आम गलतियां
| गलती | सुधार |
|---|---|
| समूह की मशीन का बिल किसी लीडर के निजी नाम पर | प्रस्ताव के अनुसार SHG के नाम पर बनवाएं |
| खरीद के मिनट्स नहीं | भुगतान से पहले प्रस्ताव पास कर दर्ज करें |
| सप्लायर को नकद भुगतान | मालिक से मेल खाते बैंक खाते से भुगतान करें |
| इस्तेमाल शुल्क तय नहीं | शुल्क तय करें और वसूली दर्ज करें |
| असली बिल खो गया | फोटो रखें और जल्दी विक्रेता से डुप्लिकेट मांगें |
मुख्य बातें
- भुगतान से पहले मालिकाना तय करें: साझा इस्तेमाल और समूह द्वारा चुकाना यानी आमतौर पर समूह की संपत्ति; एक सदस्य का इस्तेमाल और चुकाना यानी आमतौर पर उसकी संपत्ति।
- तीन चीजें मिलाएं: प्रस्ताव, बिल पर नाम और भुगतान वाला खाता।
- आरबीआई के DAY-NRLM नियमों में SHG लोन का ₹10 लाख से ऊपर (₹20 लाख तक) वाला हिस्सा मुख्य रूप से बनी संपत्ति के हाइपोथिकेशन से सुरक्षित होता है, इसलिए बैंक के लिए बिल तैयार रखें।
- उदाहरण में ₹1,20,000 की चक्की की लागत वसूलने में 80 महीने का शुद्ध इस्तेमाल शुल्क लगता है, और 12% पर ₹18,000 के सदस्य लोन पर करीब ₹1,188 ब्याज लगता है।
- संपत्ति रजिस्टर रखें और प्रस्ताव व बैंक की सहमति के बिना समूह की या हाइपोथिकेट की गई संपत्ति न बेचें।
महिला उद्यमियों के लिए दूसरे लोन विकल्पों के लिए महिला उद्यमियों के लिए लोन योजनाएं देखें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
SHG की मशीन समूह के नाम पर खरीदें या सदस्य के नाम पर?
यह इस पर निर्भर है कि उसे कौन इस्तेमाल करेगा और कौन चुकाएगा। कई सदस्य मिलकर इस्तेमाल करें और समूह के पैसे से भुगतान हो, तो आमतौर पर वह समूह की संपत्ति है और SHG के नाम पर होनी चाहिए। एक सदस्य अपने काम के लिए इस्तेमाल करे और SHG से लिया लोन खुद चुकाए, तो आमतौर पर वह उसकी संपत्ति है और उसके नाम पर होनी चाहिए। भुगतान से पहले यह फैसला SHG की मिनट बुक में लिखें।
SHG के सामान का असली बिल कौन रखे?
समूह की संपत्ति का असली बिल आमतौर पर SHG के रिकॉर्ड में रहता है, जिसे बुककीपर या प्रस्ताव में नामित पदाधिकारी रखता है, और इस्तेमाल करने वाली सदस्य के पास कॉपी रहती है। सदस्य की अपनी संपत्ति का असली बिल वह खुद रखती है और SHG उसके लोन रिकॉर्ड के साथ कॉपी रखता है।
क्या बैंक को बताना होता है कि SHG ने लोन से क्या खरीदा?
अक्सर हां। आरबीआई के DAY-NRLM निर्देशों के तहत ₹10 लाख तक के SHG लोन पर कोई कोलैटरल नहीं लगता, और ₹10 लाख से ₹20 लाख तक के हिस्से पर सिक्योरिटी मुख्य रूप से लोन से बनी संपत्ति का हाइपोथिकेशन होती है। बैंक बिल या संपत्ति की सूची मांग सकता है; अपना सैंक्शन लेटर और आरबीआई का मौजूदा मास्टर सर्कुलर देखें।
क्या SHG सप्लायर को नकद भुगतान कर सकता है?
SHG के बैंक खाते से ट्रांसफर या चेक से भुगतान करना ज्यादा सुरक्षित है, ताकि बिल से मेल खाता साफ रिकॉर्ड रहे। नकद भुगतान बाद में साबित करना मुश्किल होता है और सदस्यों या बैंक के साथ विवाद हो सकता है।
अगर कोई सदस्य SHG छोड़ दे तो समूह की संपत्ति का क्या होगा?
समूह कुछ और तय न करे तो समूह की संपत्ति SHG के पास ही रहती है। छोड़ने वाली सदस्य की बचत का हिस्सा SHG के नियमों के अनुसार चुकाया जाता है, और मिनट्स में लिखा होना चाहिए कि संपत्ति या उसकी किराये की आय पर उसका कोई दावा है या नहीं।
यह लेख केवल सामान्य जानकारी के लिए है, निजी वित्तीय, टैक्स या कानूनी सलाह नहीं। कोई भी फैसला लेने से पहले अपने बैंक, लेंडर या योग्य सलाहकार से पुष्टि करें।